Desk news. डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर विधि महाविद्यालय, नागपुर, 17 से 19 जनवरी 2025 तक ’22वां जस्टा कॉज़ा राष्ट्रीय विधि महोत्सव’ आयोजित कर रहा है। इस बार का महोत्सव कॉलेज के शताब्दी वर्ष के साथ मेल खा रहा है। जस्टा कॉज़ा ने राष्ट्रीय स्तर पर विधि जगत में एक प्रतिष्ठित स्थान बनाया है, जो विधि छात्रों, शिक्षाविदों और पेशेवरों को एक साथ लाने का कार्य करता है। इस महोत्सव का उद्देश्य छात्रों में वकालत कौशल, कानूनी जागरूकता और सार्वजनिक नीति पर चर्चा को प्रोत्साहित करना है। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. रविशंकर मोर ने कॉलेज की शताब्दी वर्ष मनाने पर गर्व व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पूर्वजों के प्रयासों से प्रेरणा लेकर जस्टा कॉज़ा को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही उन्होंने विधि उत्साही प्रतिभागियों को महोत्सव में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया। 17 जनवरी को सुबह 10 बजे कॉलेज परिसर में ‘डेविल्स अटॉर्नी’ विषय पर राष्ट्रीय वाद-विवाद प्रतियोगिता से महोत्सव की शुरुआत होगी। इस प्रतियोगिता में कृत्रिम बुद्धिमत्ता और मानव अस्तित्व तथा संयुक्त राष्ट्र की विश्व शांति बनाए रखने में भूमिका जैसे विषयों पर चर्चा होगी। मुख्य अतिथि डॉ. राकेश सिन्हा और विशिष्ट अतिथि डॉ. राजेंद्र ककड़े प्रतियोगिता का संचालन करेंगे। 18 जनवरी को ‘द नागपुर डायलॉग’ विषय पर राष्ट्रीय युवा सम्मेलन सुबह 10 बजे आयोजित होगा। इसमें देशभर के युवा अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। इसी दिन दोपहर 4 बजे सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्जल भुयान द्वारा विशेष अतिथि व्याख्यान भी होगा। 19 जनवरी को ‘ट्रायल एडवोकेसी’ और ‘मूट कोर्ट प्रतियोगिता’ के फाइनल राउंड होंगे, जहां प्रतिभागी अपनी कानूनी दक्षता का प्रदर्शन करेंगे। महोत्सव का समापन 19 जनवरी को सायं 5 बजे वैलिडिक्टरी समारोह के साथ होगा, जिसमें मुख्य अतिथि जस्टिस अविनाश घरोटे और अध्यक्ष डॉ. प्रशांत बोकारे रहेंगे।










